✍️छत्तीसगढ़ प्रदेश के अंतिम छोर अर्थात झारखंड राज्य की सीमा से लगा हुआ सरगुजा संभाग अंतर्गत जिला बलरामपुर, जो किसी जमाने में नक्सलवाद को लेकर अति संवेदनशील क्षेत्र माना जाता था किन्तु शासन प्रशासन के सतत प्रयास और नक्सल विचारधारा से जुड़े लोगों पर पुलिसिया कढ़ी कार्यवाही के बदौलत अब बेहतरीन जिला मुख्यालय की श्रेणी में सम्मिलित हो चुका है !
परन्तु कहीं जिले में पांव पसारती बेरोजगारी जिला प्रशासन के लिए चिंता का सबब ना बन जाए क्योंकि जिले के सामरी पाठ क्षेत्र के सैकड़ों स्थानीय युवाओं ने हिंडाल्को कंपनी में रोजगार दिलाने के निवेदन के साथ एसडीएम करुण डहरिया जी को ज्ञापन सौंपा है !

विश्वसनीय सुत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार 3/10/2024 दिन गुरुवार को स्थानीय युवाओं के द्वारा एसडीएम महोदय को सौंपें गए ज्ञापन में साफ शब्दों में अंकित किया गया है कि यदि हिंडाल्को कंपनी तात्कालिक रूप से सामरी पाठ क्षेत्र के बेरोजगार युवाओं को रोजगार नहीं देती है तो 5 दिवस के पश्चात स्थानीय बेरोजगार युवाओं के द्वारा कंपनी कार्यालय के समक्ष 1 दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया जाएगा !


ज्ञातव्य हो कि हिंडाल्को कंपनी के द्वारा सन् 1996 में खदान प्रारंभ होने के पुर्व एग्रीमेंट किया गया था कि खदान में कम से कम मशीनी व्यवस्थाओं का प्रयोग किया जाएगा तथा स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार मुहैय्या कराया जाएगा किंतु वर्तमान परिदृश्य में कंपनी के द्वारा बाहरी कामगारों तथा मशीनी उपकरणों का प्रयोग धड़ल्ले से किया जा रहा है !

स्थानीय युवाओं के द्वारा विगत कई महीनों से कंपनी के आला अधिकारियों से रोजगार की मांग की जा रही है किन्तु कंपनी के द्वारा स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार देने संबंधी किसी भी प्रकार की सकारात्मक पहल नहीं की जा रही है, जिससे सामरी पाठ क्षेत्र के स्थानीय बेरोजगार युवाओं में कंपनी के उदासीन रवैए के प्रति आक्रोश पनप रहा है !
हमारे संवाददाता ने जब क्षेत्र के स्थानीय युवाओं से सम्पर्क किया तो युवाओं के द्वारा बताया गया कि हिंडाल्को कंपनी के द्वारा प्रतिवर्ष 40 स्थानीय युवाओं को रोजगार देने के नाम पर हुए समझौते के पश्चात 15 दिनों तक युवाओं से बॉक्साइट पत्थर तुड़वाने के बाद भी कंपनी के द्वारा उन्हें तटस्थ रोजगार मुहैया नहीं कराया गया, जिसकी वजह से स्थानीय युवाओं में कंपनी के रिति- नीती को लेकर भारी आक्रोश व्याप्त हो रहा है !
युवाओं ने बताया कि उनके द्वारा दिए गए ज्ञापन पर यदि प्रशासन तात्कालिक रूप से उचित कार्रवाई नहीं करती है तो वे कंपनी कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन के साथ ही रोजगार पाने के दृष्टिगत आगे की रणनीति तैयार कर प्रदर्शन जारी रखेंगे !








