बलरामपुर-रामानुजगंज
✍️बसंतपुर थाना प्रभारी जितेन्द्र सोनी के खिलाफ स्थानीय पत्रकार रामहरि गुप्ता द्वारा की गई शिकायत के मामले में आखिरकार पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया है। मुख्यमंत्री एवं सीएम हेल्पलाइन पोर्टल के माध्यम से की गई शिकायत और मामले को लेकर प्रकाशित खबरों के बाद अब जांच की जिम्मेदारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारी को सौंपी गई है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विश्व दीपक त्रिपाठी अब पूरे मामले की जांच करेंगे। इस संबंध में कार्यालय अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक द्वारा 8 अगस्त 2026 को नोटिस जारी कर पत्रकार रामहरि गुप्ता को 10 अगस्त 2026 को उपस्थित होकर अपना बयान एवं संबंधित साक्ष्य प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

क्या है पूरा मामला?
पत्रकार रामहरि गुप्ता ने बसंतपुर थाना प्रभारी जितेन्द्र सोनी के खिलाफ मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ और सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उन्होंने थाना प्रभारी पर व्यक्तिगत दुर्भावना रखने और उनके खिलाफ दबाव बनाने की नीयत से कार्रवाई किए जाने के आरोप लगाए हैं।
पत्रकार का कहना है कि वह थाना प्रभारी से जुड़े कथित कृत्यों और अनियमितताओं को लगातार समाचार माध्यमों के जरिए सामने ला रहे थे। इसी वजह से उनके खिलाफ कार्रवाई का दबाव बनाया जा रहा था।
इस संबंध में सीएम हेल्पलाइन पर टोकन नंबर CC260700120436 एवं WP260700126099 के माध्यम से शिकायत दर्ज कराए जाने की बात कही गई है।
पहले थाने के ही ASI को दी गई थी जांच की जिम्मेदारी
मामले में शुरुआती जांच बसंतपुर थाने में पदस्थ ASI मनीष साहू को सौंपे जाने पर भी सवाल खड़े हुए थे। पत्रकार रामहरि गुप्ता ने आरोप लगाया कि उन्हें फोन कर थाने में उपस्थित होने के लिए दबाव बनाया गया और बातचीत का लहजा धमकीपूर्ण था।
बताया गया कि थाना स्तर से जारी नोटिस क्रमांक 1622/2026, दिनांक 02 अगस्त 2026 के माध्यम से उन्हें 03 अगस्त को थाने में उपस्थित होने के निर्देश दिए गए थे।
जांच की निष्पक्षता पर उठे सवाल
थाना प्रभारी के खिलाफ शिकायत की जांच उसी थाने में पदस्थ अधीनस्थ अधिकारी को सौंपे जाने पर सामाजिक कार्यकर्ता एवं प्रोफेसर अकील अहमद अंसारी ने सवाल उठाए।
उनका कहना है कि पुलिस नियमावली के प्रावधानों के अनुसार अधीनस्थ अधिकारी द्वारा अपने ही थाना प्रभारी के खिलाफ जांच कराए जाने से निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो सकते हैं। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारी से मामले की जांच कराने की मांग की थी।
खबर के बाद बदला जांच का जिम्मा
मामले को समाचार माध्यमों द्वारा प्रमुखता से उठाए जाने के बाद अब प्रशासन ने जांच की जिम्मेदारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विश्व दीपक त्रिपाठी को सौंप दी है।
कार्यालय अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक द्वारा जारी नोटिस क्रमांक/अति.पु.अधी./बल./रीडर/शिका./45/2026, दिनांक 08.08.2026 के अनुसार पत्रकार रामहरि गुप्ता को 10 अगस्त 2026 को कार्यालय में उपस्थित होकर अपना पक्ष और साक्ष्य प्रस्तुत करने को कहा गया है।
अब सभी की निगाहें इस जांच पर टिकी हैं कि शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच के बाद पुलिस प्रशासन क्या निष्कर्ष निकालता है और आगे क्या कार्रवाई की जाती है।
पत्रकार संगठनों में नाराजगी, आंदोलन की चेतावनी
इधर मामले को लेकर पत्रकार संगठनों में भी नाराजगी देखने को मिल रही है। पत्रकार संगठनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग की है। साथ ही जांच प्रभावित न हो, इसके लिए थाना प्रभारी जितेन्द्र सोनी को तत्काल प्रभाव से हटाने अथवा निलंबित करने की मांग भी उठाई गई है।
पत्रकार संगठनों का कहना है कि यदि मामले में जल्द निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र के पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे। संगठनों ने जरूरत पड़ने पर सरगुजा संभाग मुख्यालय की ओर सामूहिक कूच करने की चेतावनी भी दी है।

फिलहाल, एडिशनल SP स्तर की जांच शुरू होने के बाद यह मामला एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। अब 10 अगस्त को पत्रकार रामहरि गुप्ता का बयान और उनके द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले साक्ष्य जांच की दिशा तय करने में अहम माने जा रहे हैं।







